Ola Electric के शेयरों पर 20 जनवरी 2026 को घरेलू बाजार की बिकवाली का जबरदस्त असर पड़ा। बीएसई पर यह 7.57 प्रतिशत गिरकर 33.07 रुपये पर बंद हुआ, जबकि इंट्राडे में 8.36 प्रतिशत की कमजोरी दिखाते हुए 32.79 रुपये तक नीचे आ गया। लगातार दस कारोबारी दिनों में शेयर 25 प्रतिशत से ज्यादा टूट चुका है और अब यह एक महीने के निचले स्तर के करीब पहुंच गया।
Ola Electric Share Price
Ola Electric का आईपीओ 9 अगस्त 2024 को 76 रुपये के भाव पर आया था। लिस्टिंग के बाद यह 20 अगस्त 2024 को 157.53 रुपये के 52 सप्ताह के उच्च स्तर पर पहुंचा। अब 18 दिसंबर 2025 के निचले स्तर 30.79 रुपये से भी ऊपर है। मार्केट कैप 14,582 करोड़ रुपये, पीई रेशियो उपलब्ध नहीं, बुक वैल्यू 9.84 रुपये है। प्रोमोटर होल्डिंग 36.78 प्रतिशत, एफआईआई 6.82 प्रतिशत और डीआईआई 16.45 प्रतिशत है।
पुराने सीएफओ का इस्तीफा
Ola Electric के मुख्य वित्तीय अधिकारी हरीश अभिचंदानी ने व्यक्तिगत कारणों से 19 जनवरी 2026 को इस्तीफा दे दिया। वे नवंबर 2023 से इस पद पर थे और इसी दौरान कंपनी का आईपीओ हुआ था। बोर्ड ने उनके योगदान की सराहना की। इस्तीफे के ठीक बाद शेयरों में तेज गिरावट आई।
नए सीएफओ दीपक रस्तोगी का प्रोफाइल
20 जनवरी 2026 से दीपक रस्तोगी नए सीएफओ बने। उनके पास 30 साल से ज्यादा का अनुभव है, जिसमें पी एंड एल लीडरशिप, कैपिटल मार्केट्स, फंड रेजिंग, एम एंड ए, आईपीओ, रणनीति और गवर्नेंस शामिल है। वे टाटा ऑटो कंप सिस्टम्स, टिमकेन, अल्काटेल, डुपॉन्ट, कास्ट्रोल और रेमंड जैसे कंपनियों में रहे। चार्टर्ड अकाउंटेंट और एमबीए हैं। करीब 100 मिलियन डॉलर के इक्विटी ट्रांजेक्शन संभाले। ऑटोमोटिव, मैन्युफैक्चरिंग और रियल एस्टेट जैसे सेक्टरों में विशेषज्ञता।
Ola Electric टारगेट प्राइस
7 एनालिस्टों के अनुसार औसत टारगेट प्राइस 48.43 रुपये है। अधिकतम 65 रुपये और न्यूनतम 30 रुपये। 8 एनालिस्टों का औसत 46.71 रुपये। रेटिंग में स्ट्रॉन्ग बाय दो, होल्ड एक, सेल एक और स्ट्रॉन्ग सेल तीन। वर्तमान 33.10 रुपये से ऊपर जाने की संभावना।
बिक्री और मार्केट शेयर की स्थिति
दिसंबर 2025 में 9,020 यूनिट्स बिकीं, मार्केट शेयर 9.3 प्रतिशत हो गया। नवंबर 2025 के 7.2 प्रतिशत से सुधार। महीने के दूसरे हाफ में करीब 12 प्रतिशत शेयर। दिसंबर में 77 प्रतिशत सम डे सर्विस पूरी। 1,000 से ज्यादा कर्मचारी बढ़ाए। टॉप तीन में तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश, बिहार आदि राज्यों में लौट आई। बजाज और टीवीएस से टक्कर। साल 2025 में इंडस्ट्री 1.28 मिलियन यूनिट्स। क्यू2 एफवाई26 में 52,666 वाहन डिलीवर।
वित्तीय नतीजे Q2FY26
Q2FY26 में रेवेन्यू ऑपरेशंस से 690 करोड़ रुपये, पिछले साल के 1,214 करोड़ से 43 प्रतिशत कम। कुल रेवेन्यू 759 करोड़। कंसोलिडेटेड नेट लॉस 418 करोड़, पिछले 495 करोड़ से 15 प्रतिशत कम। ईबीआईटीडीए लॉस 203 करोड़। कुल खर्च 35 प्रतिशत घटाकर 1,174 करोड़। प्रोक्योरमेंट कॉस्ट 477 करोड़। फुल ईयर एफवाई26 रेवेन्यू 3,000-3,200 करोड़ का अनुमान। Q2 में स्टैंडअलोन प्रॉफिट 33 करोड़।
डिस्क्लेमर: यहां पर दी गई जानकारी कोई भी निवेश सलाह नहीं है। निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह जरूर लें और अपनी जिम्मेदारी पर ही निवेश करें।